NEET Paper Leak: नीट पेपर लीक पर साल 2024 में केन्द्र सरकार लाई थी कानून, फिर 2026 के नए लॉ में क्या होगा बदलाव?
NEET पेपर लीक समेत देशभर में प्रतियोगी परीक्षाओं के प्रश्नपत्र लीक होने के मामलों पर केंद्र सरकार ने बड़ा फैसला लिया है. केंद्रीय कैबिनेट ने शुक्रवार को ऐसे मामलों में दोषियों के खिलाफ और कड़ी कार्रवाई का प्रावधान करने वाले एक नए ड्राफ्ट को मंजूरी दे दी है. सूत्रों के मुताबिक, इस विधेयक को अगले सप्ताह संसद में पेश किया जा सकता है. प्रस्तावित कानून के तहत पेपर लीक के दोषियों के लिए 10 साल तक की जेल और 10 करोड़ रुपये तक के जुर्माने का प्रावधान किया जा सकता है. सरकार का मानना है कि कड़ी सजा से प्रश्नपत्र लीक जैसे अपराधों पर रोक लगाने में मदद मिलेगी और परीक्षा व्यवस्था में लोगों का भरोसा मजबूत होगा.
NEET पेपर लीक मामले में पुराने कानूनों की बात करें तो साल 2024 में नया कानून लागू होने से पहले प्रश्नपत्र लीक, नकल और परीक्षा में गड़बड़ी के मामलों में मुख्य रूप से भारतीय दंड संहिता IPC, IT Act और अलग-अलग राज्यों के नकल विरोधी कानूनों के तहत कार्रवाई की जाती थी. पुरानी व्यवस्था में पूरे देश के लिए ऐसा कोई अलग केंद्रीय कानून नहीं था, जो केवल पेपर लीक और परीक्षा में धांधली के मामलों से निपटने के लिए बनाया गया हो. ऐसे मामलों में जांच एजेंसियां भारतीय दंड संहिता की अलग-अलग धाराओं का इस्तेमाल करती थीं.
स्रोत: ABP Hindi