रीताब्रत बनर्जी की अगुवाई वाले TMC गुट ने शुक्रवार (7 अगस्त 2026) को मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी से पश्चिम बंगाल में वोटर लिस्ट के स्पेशल इंटेंसिव रिविजन (SIR) से जुड़े विवादों की सुनवाई के लिए ज्यादा संख्या में रीजनल ट्रिब्यूनल बनाने की मांग की. गुट ने कहा कि असली वोटरों के अधिकारों की सुरक्षा के लिए जरूरी कदम नहीं उठाए गए तो वह कोर्ट का दरवाजा खटखटा सकता है. इसके अलावा, गुट ने आवाज प्रदूषण को लेकर कोर्ट के आदेश के बाद मस्जिदों और मंदिरों से लाउडस्पीकर हटाए जाने का मुद्दा भी उठाया. इस मामले में भी कोर्ट से दखल की मांग करने के संकेत दिए गए हैं.
ये मांगें राज्य सचिवालय नबन्ना में मुख्यमंत्री और रीताब्रत बनर्जी की अगुवाई वाले TMC गुट के 13 सदस्यों के प्रतिनिधिमंडल के बीच हुई बैठक में रखी गईं. तृणमूल कांग्रेस में बंटवारे के बाद राज्य सरकार और रीताब्रत बनर्जी के गुट के बीच यह एक अहम बैठक मानी गई. बैठक में कई संवेदनशील मुद्दों पर चर्चा हुई. हालांकि, दोनों पक्षों की राय कई मामलों में अलग रही. बैठक के बाद रीताब्रत बनर्जी ने पत्रकारों से कहा, 'SIR प्रक्रिया के तहत मौजूदा ट्रिब्यूनल व्यवस्था से दूर-दराज के इलाकों में रहने वाले वोटरों पर ज्यादा बोझ पड़ेगा.'
स्रोत: ABP Hindi